19.3.11

व्यंग्य : रंग तरह तरह के ...

आज होली का पर्व है और बुराई पर अच्छाई की विजय होगी .आज प्रेम की पींगे आपस में भाईचारा का इजहार करेगी और एक दूसरे पर रंग गुलाल की बौछार करेगी . रंगों के पर्व पर रंग भी सर चढ़कर बोलते हैं . लाल पीले हरे गुलाबी और रंगों के अलावा इस समय देश में भ्रष्टाचार, रिश्वतखोरी भाई भतीजावाद, आतंकवाद, मिलावट खोरी, घोटाले और मंहगाई के रंग सब जगह अपनी गहरी रंगत जमा रहे हैं पर कम होने का नाम ही नहीं ले रहे हैं और इनका पक्का रंग छूटने का नाम ही नहीं ले रहा है .

आज होलिका दहन पर बड़े बड़े संकल्प लिए जायेंगे की तिलक होली खेलो और जल की बचत करो परन्तु हमेशा की तरह लिए गए संकल्प आगे जाकर खोखले साबित हो रहे हैं . भ्रष्ट और बेईमान लोग दूसरे लोगों को ईमानदारी का पाठ पढ़ा रहे हैं और जबकि वे खुद एक नंबर बेईमान है और तगड़े घोटाले बाज हैं .

एक वाकया याद आ रहा है एक मेरे मित्र थे और उनके चेहरे के रंग को देखने से इतनी मासूमियत झलकती थी जिसे देखकर मुझे ये लगता था की ये बड़े हंसमुख और मिलनसार हैं और बहुत अच्छे आदमी हैं और ये हमेशा सभी को अच्छी सीख देते हैं और समाज का कल्याण करने में उनकी भारी रूचि है . एक दिन अखबारों में पढ़ा की उन्होंने भारी फर्जीवाड़ा गोलमाल किया है एक नंबर बेईमान है और तगड़े घोटाले बाज हैं सो उन्हें घर का रास्ता दिखा दिया गया हैं यह पढ़कर मेरे चेहरे का रंग उड़ गया और मुझे बहुत ही दुःख हुआ की मैं उस समय उसके चेहरे के रंग को ठीक से क्यों नहीं पढ़ सका और ऐसे भ्रष्ट जन को मैंने मित्र बना लिया है .

मेरे कहने का मतलब हैं की चेहरों के रंगों के मजनून को ठीक से पढ़े और भापे की इसके पीछे रंग जमाने वाला भ्रष्ट और बेईमान और रिश्वतखोर तो नहीं है . जो कायर होते हैं वे दूसरों को नोटिस देने की गीदड़ भभकी देकर रंगदारी करते हैं . इन दिनों प्रकृति भी लोगों को भूकंप सुनामी के रूप में अपना रंग दिखा रही है की और मेरे साथ अन्याय करो .

हर साल हम होलिका लाते हैं और इस बुराई रुपी होलिका का दहन करते हैं और बुराई पर अच्छाई की विजय मान लेते हैं परन्तु हम देखते हैं की बुराई दिनोंदिन बढ़ती ही जा रही है परन्तु अच्छाई बिरली ही देखने में आती है . हर साल होलिका लाई जाती है और उसका दहन किया जाता है पर बुराइयाँ कम होने का नाम ही नहीं ले रहीं है .

प्राकृतिक रंग तो छुटाने से छूट जाते हैं पर आज समाज में भ्रष्टाचार, रिश्वतखोरी भाई भतीजावाद, आतंकवाद, मिलावट खोरी, घोटाले और मंहगाई के पक्के रंग सब जगह अपनी गहरी रंगत जमा रहे हैं . दीमक की तरह लग रहे इनके पक्के रंगों को छुड़ाने का संकल्प लें तब ही होली का पर्व सार्थक कहा जा सकेगा की हमने बुराइयों पर अच्छाई की विजय प्राप्त कर ली अन्यथा हम हर साल होलिका लाते रहेंगे और उनका दहन करते रहेंगें परन्तु बुराइयाँ कभी समाप्त नहीं होंगी ...

बुरा न मानो होली है .

रंगों के पर्व होली के अवसर पर आप सभी को हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं .

27 टिप्‍पणियां:

दीपक बाबा ने कहा…

भूल जा झूठी दुनियादारी के रंग....
होली की रंगीन मस्ती, दारू, भंग के संग...
ऐसी बरसे की वो 'बाबा' भी रह जाए दंग..

होली की शुभकामनाएं.

Coral ने कहा…

बात तो सच है ....जब तक समय नहीं आता किसी सके चेहेरे के रंग पता चलना बहुत मुश्किल है

होली की हार्दिक शुभकामनायें।
http://rimjhim2010.blogspot.com/2011/03/blog-post_19.html

भारतीय नागरिक - Indian Citizen ने कहा…

काश कि ऐसा हो जाये...ये रंग धुल कर इन्सानियत के रंग बिखर जायें...

Patali-The-Village ने कहा…

काश कि ऐसा हो जाये|
होली पर्व की हार्दिक शुभकामनाएँ|

Udan Tashtari ने कहा…

आपको एवं आपके परिवार को होली की बहुत मुबारकबाद एवं शुभकामनाएँ.

सादर

समीर लाल

यशवन्त माथुर ने कहा…

आप को सपरिवार होली की हार्दिक शुभ कामनाएं.

सादर

Shah Nawaz ने कहा…

आपको सपरिवार होली की बहुत-बहुत मुबारकबाद... हार्दिक शुभकामनाएँ!

सतीश सक्सेना ने कहा…

इस होली पर कामना करता हूँ कि आप स्वस्थ और सानंद रहें मिश्र जी !

प्रवीण पाण्डेय ने कहा…

होली हर चेहरे को रंग बिरंगा बना देती है।

डॉ टी एस दराल ने कहा…

सही बात कही है पंडित जी ।
होली की बहुत बहुत बधाई और शुभकामनायें ।

मनोज कुमार ने कहा…

आपने बिल्कुल सही बात कही है।
हैप्पी होली।

अजय कुमार ने कहा…

सुरक्षित , शांतिपूर्ण और प्यार तथा उमंग में डूबी हुई होली की सतरंगी शुभकामनायें ।

Deepak Saini ने कहा…

होली की हार्दिक शुभ कामनाएं आपको और आपके पूरे परिवार को

डॉ. रूपचन्द्र शास्त्री मयंक (उच्चारण) ने कहा…

आपको होली की बहुत बहुत शुभकामनाएँ!

डॉ॰ मोनिका शर्मा ने कहा…

सच और सटीक बात कही है आपने .....

रंग पर्व की मंगलकामनाएं

राज भाटिय़ा ने कहा…

आप को सपरिवार होली की बहुत-बहुत शुभकामनाएँ!

चैतन्य शर्मा ने कहा…

होली की शुभकामनायें .....हैप्पी होली

कविता रावत ने कहा…

बहुत सुन्दर रंगारंग होली प्रस्तुति
आपको सपरिवार होली की हार्दिक शुभकामनाएं

राजकुमार ग्वालानी ने कहा…

रंगों की चलाई है हमने पिचकारी
रहे ने कोई झोली खाली
हमने हर झोली रंगने की
आज है कसम खाली

होली की रंग भरी शुभकामनाएँ

Poorviya ने कहा…

होली रंगों के इस त्यौहार की हार्दिक शुभकामनाये।


jai baba banaras..............

M VERMA ने कहा…

मानवीय भावों के रंगों को पढ़ पाना आसान तो नहीं है

Babli ने कहा…

आपको और आपके परिवार को होली की हार्दिक शुभकामनायें!

cmpershad ने कहा…

`मेरे कहने का मतलब हैं की चेहरों के रंगों के मजनून को ठीक से पढ़े'

जाने क्यों एक चेहरे पे कई चेहरे लगा लेते हैं लोग ? :)

ZEAL ने कहा…

Happy Holi !

Meenu Khare ने कहा…

होली की ढेरो शुभकामनायें !

Rahul Singh ने कहा…

बुराइयां तो होली, बतर्ज दाग अच्‍छे हैं न.

amrendra "amar" ने कहा…

आपको एवं आपके परिवार को होली की बहुत मुबारकबाद एवं शुभकामनाएँ...........